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what is news: खबर क्‍या है



लेसन -1 

खबर क्‍या है 


खबर रोचक हो, जरूरी नहीं है कि वह महत्‍वपूर्ण भी हो। एक अखबार हर दिन करीब  साढ़े चार लाख शब्‍दों की खबरें प्राप्‍त करता है। जो रिपोर्टर लिखकर देते हैं। अगले दिन जब अखबार छपकर आता है तो करीब दो लाख शब्‍दों की खबर को ही वह पाठकों के पास पेश कर पाता है। इसमें पत्रकार का केवल दो काम होता है। पहला किसी घटना की रिपोर्ट करना है।  दूसरा व्‍याख्‍या पेश करना और खबर पर आधारित राय बनाना। 


खबर दो तरह से 

खबर दो तरह से लिखते हैं।  सीधी खबर या फिर विश्‍लेषित और  खोजी खबर।  सीधी खबर में जो कुछ घटा है, उसे पेश कर देते हैं। यह तथ्‍यपूर्ण और स्‍पष्‍ट होती है। इस तरह की खबर लिखते समय खबर में कोई सुझाव नहीं होता है। खबर गहराई में नहीं ले जाती है। इसमें केवल सतह पर घटित घटना की रिपोर्ट होती है। जबकि खोजी या विश्‍लेषणपूर्ण खबरें इसी दावे की छानबीन करेगी, गहराई में जाकर विश्‍लेषण करेगी। उसकी प्रामाणिकता की पड़ताल करेगी। इस तरह की खबर में निष्‍पक्ष ढंग से सभी पक्षों और परिस्‍थितियों को पेश किया जाता है। जो खबर को एक अर्थ देता है। पाठक सभी पहलू को अच्‍छे से समझ जाता है। प्रिंट मीडिया में विश्‍लेषणपूर्ण या खोजी पत्रकारिता का स्‍कोप कभी खत्‍म नहीं होने वाला है। 


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लेसन -2 

खबर जो चलकर आता है

 न्‍यूज का एक अहम हिस्‍सा प्रेस रिलीज होता है। इसके लिए रिपोर्टर को कुछ करना नहीं होता है। न्‍यूजरूम में या ईमेल पर प्रेस रिलीज चलकर आता है। बहुत सारी संस्‍थाएं न्‍यूज की तरह प्रेस रिलीज जारी करती हैं। प्रेस रिलीज को पूरी तरह से स्‍वीकारें नहीं। बल्‍कि उसकी जांच कर लें। उसमें अगर कोई दावा है तो उस पर आलोचनात्‍मक दृष्‍टिकोण रखें। अगर जरूरी है तो कंपनी या उस संस्‍था के माध्‍यम से दावा की पुष्‍टि करते हुए खबर बनाएं, अपनी ओर से फ्री में प्रचार करने से बचें। प्रेस रिलीज में स्रोत का कोट करना जरूरी होता है। कोई भी बात अपने माध्‍यम से मत करें, स्रोत का हवाला देते हुए लिखें। 



प्रेस रिलीज से आकर्षण खबर बनाएं ---


प्रेस रिलीज का मूल्‍यांकन कीजिए

 अगर कोई प्रेस रिलीज हाथ में है तो खुद से सवाल कीजिए। क्‍या इसमें समाचार है।  क्‍या इसका उद़देश्‍य फ्री में प्रचार हासिल करना है। क्‍या इसमें से कोई खबर निकाली जा सकती है।  क्‍या इस पर विश्‍वास किया जा सकता है। 


प्रेस रिलीज का इस्‍तेमाल 

प्रेस रिलीज में समाचार खोजिए। प्रचार को हटा दीजिए और सूचना मांगिए। उसमें नया एंगिल डालकर खबर लिखिए। 



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